Type of Hammer | हथौड़े के प्रकार

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वर्कशॉप में जब कभी भी ठोकने – पीटने की आवश्यकता होती है तो चोट मारने के लिए हथौड़ा (Hammer) प्रयोग किया जाता है। यह वर्कशॉप का सबसे अधिक काम में आने वाला हस्त औजार है। इस पोस्ट में हम जानेंगे हथौड़े कितने प्रकार (Type of Hammer) के होते है

कील ठोकने के लिए , रिवेट को फोर्ज करने के लिए, टाइट-फिट पार्टी को निकालने व फिट करने के लिए, किसी तार या शीट जैसे टेढ़े-मेढ़े पार्ट को सीधा करने के लिए, छेनी के द्वारा धातु को काटकर अलग करने के लिए या इसी प्रकार के अनेकानेक कार्यों में हथौड़े का उपयोग किया जाता है ।

हथौड़े को प्रयोग करने से पहले देख लेना चाहिए कि हैण्डिल ठीक प्रकार से फिट हैं अथवा नहीं । हैण्डिल ढीला होने या फटा होने से दुर्घटना हो सकती है। हथौड़े के फेस को साफ कर लेना चाहिए। कार्य के अनुसार उचित भार का हथौड़ा चुनना चाहिए।

Types of Hammer | हथौड़े के प्रकार

हथौड़े को वजन के आधार पर दो प्रकार से वर्गीकृत किया गया है :-

Hand Hammer | हस्त हथौड़ा

सामान्यत : हल्के प्रकार के कार्यों के लिए हस्त हथौड़ा प्रयोग किया जाता है। इनका वजन 0.125 किग्रा से 1.5 किग्रा तक होता है। वजन के अनुसार उसमें हत्थे को फिट किया जाता है, जिसकी लम्बाई क्रमश: 25 से 35 सेमी तक रखी जाती है।

इनमें से चोट मारने के लिए पीन (Pein) तथा फेस (Face) को प्रयोग किया जाता है। इसीलिए इन दोनों भागों को हार्ड तथा टैम्पर (Hard and Temper) किया होता है। पीन तथा फेस के बीच के भाग को Post कहते हैं। इसे Soft रखा जाता है, जिससे हथौड़ा टूटे नहीं।

साधारणत : हथौड़े कास्ट स्टील (Cast Steel) या कार्बन स्टील (Carbon Steel) को फोर्ज करके बनाए जाते हैं, तथा बाद में फेस तथा पीन को हार्ड वे टैम्पर किया जाता है। पोस्ट में बना छेद (eye hole) इलिप्स ( ellipse ) के आकार का होता है। इसमें एक लकड़ी का हेण्डिल (Handle ) ठोंककर उसमें वैज (Wedge) लगा दिया जाता है, जिससे कि हथौड़ा हैण्डिल से बाहर न निकल सके।

बाजार से हथौड़ा खरीदते समय हमें उसका वजन (weight) तथा पीन (Pein) का आकार बताना होता है। मार्किंग जैसे हल्के कार्यों के लिए 250 ग्राम का हथौड़ा प्रयोग किया जाता है, तथा भारी कार्यों के लिए आवश्यकतानुसार 1.5 किग्रा तक का हथौड़ा प्रयोग किया जा सकता है। हस्त हथौड़े को पीन (Pein ) के आकार (Shape) के आधार पर

निम्न प्रकार वर्गीकृत किया गया है :-

Ball Pein Hammer | बॉल पीन हथौड़ा

जैसा कि नाम से है , इस हथौड़े का पीन बॉल ( ball ) के समान गोल होता है जबकि फेस ( face ) दूसरे हथौड़ों के समान चपटा ( flat ) होता है । जैसा कि चित्र में दर्शाया गया है । इसका प्रयोग मार्किंग करने , चिपिंग करने , चोट मारने आदि कार्यों के लिए होता है । बॉल पीन ( ball pein ) का विशेष उपयोग रिवेटन ( rivetting ) करने में किया जाता है । बॉल पीन द्वारा गोल चोट पड़ने से रिवेट की टेल चारों ओर आसानी से फैल जाती है ।

Cross Pein Hammer | क्रॉस पीन हथौड़ा

इस हथौड़े का फेस बॉल पीन हथौड़े के समान चपटा होता है लेकिन पीन उल्टे वी ( ^ ) के समान बना होता है । पीन की अक्ष हैण्डिल से 90 पर होती है । इसके क्रॉस होने के कारण ही इसे क्रॉस पौन हथौड़ा ( cross pein hammer ) कहा जाता है । पीन ऊपर से नुकीला होता है जैसा कि चित्र में दर्शाया गया है । यह धातु को एक दिशा में फैलाने या शीट के किनारे मोड़ने के लिए उपयोग में लाया जाता है ।

Straight Pein Hammer | स्ट्रेट पीन हथौड़ा

इस हथौड़े का फेस चपटा ( flat ) तथा पीन का आकार उल्टे वी ( A ) के समान होता है । स्ट्रेट पीन हथौड़े में पीन की अक्ष हैण्डिल के समान्तर ( सीध में ) होती है इसीलिए इसे स्ट्रेट पीन हथौड़ा कहते हैं । इसे भी धातु को साइडों में फैलाने या सीधे कॉर्नर में चोट लगाने के लिए प्रयोग किया जाता है । अग्र दिए चित्र में एक स्ट्रेट पीन हथौड़ा दर्शाया गया है ।

Double Face Hammer | डबल फेस हथौड़ा

डबल फेस हथौड़े में दोनों सिरों पर फेस होता है । इसको दोनों ओर से चोट मारने के लिए प्रयोग किया जा सकता है । रिवेटन में बड़े रिवेट के कप टूल ( cup tool ) के ऊपर चोट मारने के लिए प्रयोग किया जाता है इनके अतिरिक्त कुछ हथौड़े विशेष प्रकार के प्रयोगों के लिए बनाए गए हैं ; जैसे — कील निकालने वाला जम्बूर हथौड़ा तथा अन्य मृदु हथौड़ा ( soft hammer )

Claw Hammer | जम्बूर हथौड़ा

यह बढ़ई द्वारा प्रयोग किया जाने वाला हथौड़ा है । इसमें एक ओर चपटा फेस तथा दूसरी ओर कील के हैड को फंसाने के लिए चिमटा बना होता है , जैसा कि चित्र से स्पष्ट होता है । इसमें पीन नहीं होता । हथौड़े के फेस से चोट करके कील को ठोका जाता है तथा उसके टेढ़ा होने पर चिमटे में फंसाकर निकाला जा सकता है ।

Soft Hammer | मृदु हथौड़ा

जब हमें कार्यखण्ड पर ऐसी चोट करनी हो कि उसकी सतह पर निशान न आए तो हमें मृदु हथौड़ा प्रयोग करना चाहिए । मृदु हथौड़े धक्का सहन कर लेते हैं, क्योंकि ये कार्यखण्ड की धातु से अधिक कठोर नहीं होते ; जैसे – लकड़ी, ताँबा, प्लास्टिक, नाइलोन, कच्चा चमड़ा (Raw Hide ) या कठोर रबड़ (Hard rubber) आदि।

इनका प्रयोग बियरिंग को चढ़ाने या उतारने में, तैयार माल की असेम्बली करने में या इसी प्रकार के अन्य कार्यों में होता है।

ये निम्नलिखित प्रकार के होते हैं :-

Raw Hide Hammer | कच्चे चमड़े का हथौड़ा

इसको इस्पात (Steel) द्वारा डबल फेस हथौड़ा के समान बनाया जाता है। इसके पश्चात् दोनों सतहों पर कच्चे चमड़े के टुकड़ों को लगा दिया जाता है।

Mallet | मैलेट

लकड़ी द्वारा बने हथौड़े को मैलेट (Mallet) कहते हैं। इनका प्रयोग अधिकतर शीट मेटल के लिए होता है । साधारणतः शीशम, इमली, कीकर, टीक (Teak) या कोई अन्य कठोर लकड़ी को इसको बनाने में प्रयोग किया जाता है।

Nylon Hammer | नाइलोन हथौड़ा

नाइलोन एक चिम्मड़ पेट्रोलियम पदार्थ है, जो काफी धक्का सहन करने की शक्ति रखता है। एक लोहे के हथौड़े में दोनों तरफ नाइलोन के पैड कस दिए जाते हैं। इस हथौड़े से चोट मारने पर निशान नहीं पड़ता। इसका उपयोग अच्छे टूल रूम एरोनॉटिक शॉप (Aeronautic Shop) आदि में किया जाता है ।

Plastic Hammer | प्लास्टिक हथौड़ा

यह भी नाइलोन हथौड़ा के समान लोहे की बॉडी (Body) का बना होता है, तथा दोनों सिरों पर प्लास्टिक के पैड या रबड़ के पैड फिट कर दिए पड़ता। हल्की चोट मारने के लिए इन हथौड़ों का प्रयोग होता है।

Sledge Harrmer | घन हथौड़ा

ये हथौड़े भारी कार्यों के लिए प्रयोग किए जाते हैं। अधिकतर लौहकारी शॉप में धातु को पीटने या फोर्ज करने जैसे कार्यों में स्लेज हथौड़ों का प्रयोग होता है। भारी चोट मारकर डाई द्वारा फ्लैट, एंगिल आदि को काटने में भी इसका उपयोग किया जाता है। इनका भार 2 किग्रा से 10 किग्रा तक होता है।

Power Hammer | शक्ति हथौड़ा

यह हथोड़ा भारी व बड़ी जॉबों को फोर्ज करने के लिए प्रयोग किया जाता है। यह बिजली की मोटर द्वारा चलाए जाते हैं। यह अधिक मात्रा में शक्ति हथौड़ा Power Hammer उत्पादन (Mass Production) के लिए भी प्रयोग किए जाते हैं ।


Precautions while in Use | प्रयोग में सावधानियाँ

हथौड़े का प्रयोग बेहद सावधानी से किया जाना चाहिए। ऐसी कुछ सावधानियाँ निम्न हैं

  1. हथौड़े का प्रयोग कार्य के अनुसार करना चाहिए।
  2. हथौड़े की चोट कार्यखण्ड पर सटीक अनुमान से मारनी चाहिए।
  3. भारी हथौड़ा के प्रयोग में अतिरिक्त सावधानी रखनी चाहिए।
  4. मशीनों पर हथौड़े का प्रयोग अन्य मशीनी भागों को आघात से बचाकर करना चाहिए।

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