Radius Gauge kya hai in hindi – कैसे उपयोग करे ?

“इस पार्ट का कोना इतना गोल है, इसकी गोलाई (Radius) कितनी होगी? क्या इसे किसी स्केल से नापा जा सकता है? नहीं!”

जब हम Engineering Drawing पढ़ते हैं, तो अक्सर पार्ट्स के कोनों (Corners) या अंदरूनी हिस्सों में गोलाई (R5, R10 आदि) दी होती है। मशीनिंग के बाद यह गोलाई सही बनी है या नहीं, इसे तुरंत चेक करने के लिए वर्कशॉप में Radius Gauge (रेडियस गेज) का इस्तेमाल किया जाता है।


Radius Gauge (रेडियस गेज) क्या है?

रेडियस गेज (Radius Gauge) एक विशेष चेकिंग टूल है जिसका उपयोग किसी भी पार्ट की अंदरूनी (Internal/Concave) या बाहरी (External/Convex) त्रिज्या (Radius) यानी गोलाई को चेक करने के लिए किया जाता है। इसे फिलेट गेज (Fillet Gauge) भी कहा जाता है।

जब वेल्डिंग (Welding) की जाती है, तो दो पार्ट्स के बीच जो मेटल भरता है, उसे ‘फिलेट (Fillet)’ कहते हैं। उस फिलेट का रेडियस सही है या नहीं, यह भी इसी गेज से चेक किया जाता है।

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Radius Gauge Set
  • यह दिखने में Feeler Gauge (फीलर गेज) या Thread Pitch Gauge जैसा ही पत्तियों (Blades) का एक गुच्छा होता है।
  • इसकी हर पत्ती पर अलग-अलग साइज़ की गोलाई (रेडियस) कटी होती है।
  • भारतीय मानक (ISI – 5373-1969) के अनुसार यह आमतौर पर 0.6 mm से 25 mm तक के साइज़ में आते हैं।

Radius Gauge का उपयोग कैसे करते हैं? (How to Use)

रेडियस चेक करना बहुत ही आसान है:

  1. सबसे पहले जॉब / पार्ट को ध्यान से देखें कि हमें बाहरी गोलाई (Convex) नापनी है या अंदरूनी गोलाई (Concave)
  2. रेडियस गेज की हर पत्ती (Blade) पर दो डिज़ाइन बने होते हैं—एक बाहरी नापने के लिए और एक अंदरूनी नापने के लिए। सही प्रोफाइल का चुनाव करें।
  3. अब अंदाज़े से कोई एक पत्ती निकालें और उसे पार्ट की गोलाई पर सटा कर (Touch करके) देखें।
  4. मुख्य नियम: गेज और पार्ट के बीच कोई रौशनी (Light) आर-पार नहीं दिखनी चाहिए।
  5. अगर रौशनी आर-पार हो रही है, तो इसका मतलब गेज का साइज़ या तो छोटा है या बड़ा। जब तक कोई पत्ती बिल्कुल परफेक्ट (Snug Fit) ना बैठ जाए, ब्लेड बदल-बदल कर चेक करें। मैच होने वाली पत्ती का नंबर ही उस पार्ट की गोलाई (Radius) होगी!
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Checking Internal & External Radius

उपयोग करते समय सावधानियाँ

  • चूकि इसकी पत्तियां बहुत पतली होती हैं, इसलिए जॉब पर गेज रखते समय ज़बरदस्ती (Force) न करें।
  • यह एक Accuracy Tool है, इसलिए इसे किसी गरम धातु (Hot Metal) पर इस्तेमाल करने से बचें, अन्यथा ब्लेड मुड़ या फैल सकता है।
  • इस्तेमाल के बाद हमेशा साफ़ करके जंग-रोधी तेल (Oil) लगाएं और पत्तियों को केस के अंदर मोड़ कर रखें।

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Radius Gauge FAQ’s

सटीक रेडियस कैसे मापा जाता है?

रेडियस गेज को पार्ट की गोलाई पर रखा जाता है। अगर गेज की पत्ती और पार्ट के बीच रौशनी (Light) दिखाई दे, तो वह मैच नहीं कर रहा है। जब कोई रौशनी ना गुजरे और पत्ती पूरी तरह चिपक जाए, तो वही साइज़ एकदम सटीक रेडियस होता है।

क्या रेडियस गेज (Radius Gauge) का इस्तेमाल बोर (Bore) के अंदर भी किया जा सकता है?

रेडियस गेज केवल ‘गोलाई (Corners / Fillets)’ नापने के लिए डिज़ाइन किया गया है। किसी पाइप या होल का ‘पूरा अंदरूनी व्यास (Internal Diameter)’ नापने के लिए बोर गेज (Bore Gauge) या इनसाइड माइक्रोमीटर का इस्तेमाल करना चाहिए।

Radius Gauge किस मटेरियल का बना होता है?

रेडियस गेज (Radius Gauge) मुख्य रूप से ‘हाई कार्बन स्टील (High Carbon Steel)’ का बना होता है। यह धातु बहुत टिकाऊ होती है और लम्बे समय तक नापने वाले किनारों (Measuring Edges) को घिसने से बचाती है।

Radius Gauge किन मापों में उपलब्ध होता है?

यह भारतीय बाज़ार में मिलीमीटर (Metric) और इंच (British) दोनों प्रणालियों में मिलता है। आमतौर पर मीट्रिक सिस्टम में यह 0.6 mm से लेकर 25 mm तक के रेडियस सेट में आसानी से मिल जाता है।

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